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तुम मेरी राखो लाज हरि / भजन Tum Meri Rakho Laaj Hari lyrics in Hindi

तुम मेरी राखो लाज हरि / भजन 

Tum Meri Rakho Laaj Hari lyrics in Hindi


तुम मेरी राखो लाज हरि

तुम जानत सब अन्तर्यामी
करनी कछु ना करी
तुम मेरी राखो लाज हरि

अवगुन मोसे बिसरत नाहिं
पलछिन घरी घरी
सब प्रपंच की पोट बाँधि कै
अपने सीस धरी
तुम मेरी राखो लाज हरि

दारा सुत धन मोह लिये हौं
सुध-बुध सब बिसरी
सूर पतित को बेगि उबारो
अब मोरि नाव भरी
तुम मेरी राखो लाज हरि

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